सरस्वती विद्या मन्दिर दाड़लाघाट में सप्तशक्ति संगम का भव्य आयोजन हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि साध्वी राधिका भारती तथा प्रांत सप्तशक्ति संगम संयोजिका सुनीला ने दीप प्रज्वलित कर किया। कार्यक्रम संयोजिका दीपा शर्मा ने प्रस्तावना प्रस्तुत करते हुए कार्यक्रम के उद्देश्य और महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। मुख्य अतिथि ने अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में रानी लक्ष्मीबाई का उदाहरण देते हुए संदेश दिया कि नारी न तो अबला है, न कमजोर वह स्वयं में शक्ति का स्वरूप है। आवश्यकता केवल अपने सामर्थ्य को पहचानने और समाज व परिवार का नाम रोशन करने की है। उन्होंने कहा कि शक्ति हर नारी के भीतर निहित है, बस उसे समझने और उजागर करने की जरूरत है। इसके उपरांत विद्या भारती के कुटुम्ब प्रबोधन एवं पर्यावरण विषय पर वक्ता अंजली शर्मा ने विस्तृत जानकारी दी। इस कार्यक्रम में कुल 172 नारी शक्तियों ने सहभागिता निभाई।
सप्तशक्ति संगम का यह सफल आयोजन हिमाचल शिक्षा समिति, जिला सोलन के अध्यक्ष मस्तराम शर्मा की देखरेख में सम्पन्न हुआ।




