राजकीय महाविद्यालय अर्की में करियर काउंसलिंग सेल के तत्वावधान में “उद्यमिता जागरूकता कार्यक्रम” का आयोजन किया गया। भारत सरकार द्वारा समर्थित आर ए एम पी कार्यक्रम के अंतर्गत एम एस एम ई के प्रदर्शन को बढ़ाने और गति प्रदान करने के लिए उद्योग विभाग, हिमाचल प्रदेश के सहयोग से जन जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इस कार्यक्रम में वाणिज्य एवं बीसीए संकाय के लगभग 80 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
महाविद्यालय प्राचार्या सुनीता शर्मा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उद्यमिता के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने विद्यार्थियों को बताया कि वर्तमान समय में स्वरोजगार एवं नवाचार के माध्यम से आत्मनिर्भर बनना अत्यंत आवश्यक है तथा ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों को नई दिशा प्रदान करते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को इन अवसरों का अधिकतम लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान उद्योग विभाग, हिमाचल प्रदेश (NITCON) से आए विशेषज्ञ नितीश शर्मा (सलाहकार) एवं सूर्य शर्मा (फैकल्टी ट्रेनर) ने विद्यार्थियों को उद्यमिता के विभिन्न पहलुओं से अवगत करवाया। उन्होंने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग (MSME) के महत्व, स्वरोजगार के अवसरों तथा सरकारी योजनाओं के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की।
उन्होंने विद्यार्थियों को 3 दिवसीय एवं 5 दिवसीय उद्यमिता विकास प्रशिक्षण कार्यक्रमों के बारे में बताया, जिसमें इच्छुक विद्यार्थी पंजीकरण कर सकते हैं तथा चयन उपरांत उन्हें प्रमाण पत्र प्रदान किया जाएगा।
कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर बनने हेतु प्रेरित करना तथा उन्हें उद्यमिता के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए मार्गदर्शन प्रदान करना था। कार्यक्रम को सफल बनाने में वाणिज्य विभाग के डॉ अरुण कुमार और डॉ पारुल बेरी का महत्वपूर्ण सहयोग रहा।




