Month: June 2024

  • नवगांव में विद्यालय स्तर पर युवा सांसद का किया गया मंचन

    नवगांव में विद्यालय स्तर पर युवा सांसद का किया गया मंचन

    अर्की आजतक

    दाड़लाघाट

    शनिवार को स्वर्ण जयंती उत्कृष्ट राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय नवगांव में विद्यालय स्तर पर युवा सांसद का मंचन किया गया। युवा संसद में लोकसभा की कार्यवाही को बच्चों के समक्ष प्रस्तुत किया गया। जिसमें प्रधानमंत्री की भूमिका पाठशाला के छात्र पीयूष ने तथा नेता विपक्ष की भूमिका आरती ने अभिनीत की। राजनीतिक शास्त्र के प्रवक्ता अमरदेव शर्मा ने इस युवा संसद के महत्व को बताते हुए इन छात्रों द्वारा खंड स्तर पर होने वाली युवा संसद प्रतियोगिता हेतु अपनी शुभकामनाएं दी। उन्होंने छात्रों को भविष्य का नेता बताया व इस कार्यक्रम के माध्यम से बच्चों को हमारी विधायिका की भूमिका व प्रासंगिकता बताई। अपने संबोधन में प्रधानाचार्य प्रभात किशोर ने इस कार्यक्रम की सराहना की तथा प्रतिभागियों को खंड स्तर पर होने वाली प्रतियोगिता हेतु अपनी शुभकामनाएं दी। इस अवसर पर प्रधानाचार्य प्रभात किशोर,उप प्रधानाचार्य धर्मपाल शुक्ला,अंबुजा फाउंडेशन से आरती,निषाद,कार्यालय स्टाफ,सभी शिक्षक गण सहित पाठशाला के सभी छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

  • धार्मिक मेले को राजनीतिक रंग न दे लोग

    धार्मिक मेले को राजनीतिक रंग न दे लोग

    अर्की आजतक

    अर्की

    अर्की तहसील के ऐतिहासिक व धार्मिक महत्व के बाड़ीधार मेले को राजनीतिक रंग देने के बाड़ीधार मंदिर कारदार समिति की आलोचना करते हुए स्थानीय ग्राम पंचायत के प्रधानों उप प्रधानों , पंचायत समितियों के सदस्यों व स्थानीय लोगों ने कड़ा एतराज जताते हुए कहा है कि यह धार्मिक मेला उनकी आस्थाओं से जुड़ा है और इस पर किसी भी प्रकार की राजनीति किसी भी स्तर पर सहन नही होगी। उन्होंने कहा है कि मंदिर की कारदार समिति भाजपा के सरंक्षण व दबाव में कार्य कर रही है जो बहुत ही दुखदाई है। उन्होंने कहा है कि इस मंदिर के प्रांगण में जितना भी विकास कार्य हुआ है वह सब पूर्व प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने किया है। यहां सरायं भवन के निर्माण को भी पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने पैसा दिया था पर दुर्भाग्यपूर्ण है कि इस पैसे का सद्पयोग नही हुआ।
    ग्राम पंचायत के प्रधान
    ने एक संयुक्त प्रेस बयान में प्रदेश सरकार से मांग की है कि इस ऐतिहासिक मंदिर को अपने अधीन लेकर इसे ट्रस्ट बनाया जाए जिससे इस मंदिर पर किसी का भी एकाधिकार समाप्त हो सकें। उन्होंने इस बार इस मेले में स्थानीय विधायक व् मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी को मुख्य अतिथि आमंत्रित न बनाये जाने पर कड़ा एतराज जताते हुए कहा है कि यह अर्की क्षेत्र के जनमत का अपमान है जिसे सहन नही किया जा सकता। उन्होंने कहा है कि यह सब किसके इशारे पर हुआ है इसकी जांच की जानी चाहिए।
    उन्होंने कहा है कि इस मंदिर के साथ बन रही धर्मशाला के निर्माण पर भी अनेक अनिमितताओं की जांच विजिलेंस द्वारा की जा रही है जिसे जल्द पूरा कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही की जानी चाहिए। उन्होंने प्रदेश सरकार से इस मेले में स्थानीय विधायक मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी की उपेक्षा करने वालो के खिलाया कार्यवाही करने की मांग भी की है। इस मौके पर कपिल ठाकुर, बसंत ठाकुर, भीम सिंह, निर्मला, श्याम लाल, संत राम, कृष्ण चँद, अमर सिंह, राजेंदर, अनंत राम, अमिता ठाकुर, संजीव, हरीश व् अन्य मौजूद रहे।

  • बी एल स्कूल कुनिहार में इको क्लब सात दिवसीय समर कैंप की गतिविधियों का हुआ समापन।

    बी एल स्कूल कुनिहार में इको क्लब सात दिवसीय समर कैंप की गतिविधियों का हुआ समापन।

    अर्की आजतक


    कुनिहार
    अक्षरेश शर्मा
    बी एल स्कूल कुनिहार में लायन इको क्लब इकाई द्वारा सात दिवसीय समर कैंप का सफल आयोजन किया गया I जानकारी देते हुए लायन इको क्लब प्रभारी दिनाक्षी ठाकुर ने बताया की शिक्षा विभाग सोलन के मार्ग दर्शन से विद्यालय में 5 जून से 14 जून तक सात दिवसीय समर कैंप का आयोजन किया गया था जिसमे विद्यालय से लायन इको क्लब के छात्र – छात्राओं ने विभिन्न प्रकार की गतिविधियाँ जेसे पौधा रोपण ,किचन गार्डन का निर्माण, इ – वेस्ट का संग्रहण , नजदीकी जल संरक्ष्ण का रख रखाव, नजदीकी गावं में परितंत्र की सैर , रैली , चित्रकला प्रतियोगिता , नारा लेखन , श्रोत व्यक्तियों के भाषण, उर्जा संरक्ष्ण , सिंगल नो यूज़ प्लास्टिक वाद विवाद प्रतियोगिता आदि करवाई गई I इस सभी गतिविध्यियों में सभो ने बढ़ चड़ कर भाग लिया I इस समर कैंप के समापन पर विद्यालय प्रधानाचार्य पुर्शोतम लाल ने विद्यार्थियों द्वारा की गई गतिविधियों के लिए बधाई दी I विद्यालय अध्यक्ष ने भी इको क्लब प्रभारी दिनाक्षी ठाकुर व् बच्चों को इस समर कैंप के सफल आयोजन के लिए बधाई दी I विद्यालय मुख्याध्यापिका व् पी टी ए अध्यक्ष ने सभी बच्चों और अध्यापकों इस प्रकार के आयोजन के लिए बधाई दी I

  • बाड़ीधार में हुआ जगह जगह लँगर का आयोजन

    बाड़ीधार में हुआ जगह जगह लँगर का आयोजन

    अर्की आजतक

    अर्की

    बाड़ीधार मेले में जगह जगह लंगर का आयोजन भी लोगो के लिए लगाया जाता है जिस से लोगो को राहत की बात रहती है
    दूर दूर से आये लोगो के लिए प्रसाद वितरण व भोजन की व्यवस्था तो मेला ग्राउंड में होती ही है पर रास्तो में भी लोगो द्वारा लँगर का प्रावधान किया जाता है
    क्वालग डोरी में भी लोगो के लिए लँगर का आयोजन वहां के स्थानीय बाशिंदों द्वारा करवाया गया लँगर लगाने वालों मे परस राम भुवनेश्वर व अन्य लँगर लगाने वालों ने कहा कि जिस स्थान पर वो काफी समय से लँगर लगा रहे है वहां समुचित जगह न होने थोड़ी कठिनाई जरूर आती है लेकिन श्रद्धालुओ की सेवा से मन को सन्तुष्टि मिलती है
    हालांकि जगह की कमी ओर संसाधनों की कमी से लँगर लगाने वालो को कई कठिनाइयों का सामना भी करना पड़ रहा है जिसे लोगो ने मीडिया के सामने रखा

  • कुफ़्टू विद्यालय में निकासी ड्रिल व लोगो की संख्या गिनने की क्रिया का हुआ आयोजन

    कुफ़्टू विद्यालय में निकासी ड्रिल व लोगो की संख्या गिनने की क्रिया का हुआ आयोजन

    अर्की आजतक

    अर्की


    राज्य आपदा प्रबंधन के अंतर्गत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, कुफ़टू जिला सोलन में 14 जून को सुबह 11 बजे ” निकासी ड्रिल व लोंगो की संख्या गिनने की क्रिया ” कार्यक्रम का अभ्यास किया गया। अभ्यास क्रिया के माध्यम से शिक्षण संस्थान में कार्यरत स्टाफ को अपनी भूमिका व उतरदायित्व के उद्देश्य को समझाने तथा विद्यार्थियो को आपातकालीन और प्रभावशाली तत्परता के महत्व के बारे में अवगत किया गया। इस कार्यक्रम में विद्यालय आपदा प्रबंधन के प्रभारी  विवेक शर्मा, सदस्य  अभिजीत बादुडी,  नरेंद्र कुमार व  कमलेश चंदेल शिक्षकों ने अहम भूमिका निभाई। प्रधानाचार्य  स्मृति नेस्टा ने शिक्षकों व विद्यार्थियो का आवाह्न किया कि प्राकृतिक आपदा से निबटने के लिए बुद्धि तत्परता, साहस, आपसी तालमेल व सूझबूझ से आपदा से होने वाले जान-माल के नुकसान को कम किया जा सकता है।

  • पारनु के दंगल में जयदीप ने की बड़ी माली अपने नाम तो मल्लिक ने जीती छोटी माली

    पारनु के दंगल में जयदीप ने की बड़ी माली अपने नाम तो मल्लिक ने जीती छोटी माली

    अर्की आजतक

    दाड़लाघाट

    उपतहसील दाड़लाघाट की ग्राम पंचायत पारनु के गांव ठेरा में दंगल का आयोजन किया गया। दंगल में पहलवान जयदीप ने बड़ी माली का खिताब अपने नाम किया। पारनु के लाला स्वर्गीय परस राम कौशल व स्वर्गीय प्रेम लाल कौशल की याद में दंगल का आयोजन कौशल परिवार पारनु के सदस्यों की ओर से किया गया। इस दंगल में हिमाचल सहित बाहरी राज्यों के नामी पहलवानों ने दमखम दिखाया। पहलवानों ने इस दंगल में खूब दमखम दिखाया और दर्शकों का खूब मनोरंजन किया। बड़ी माली के फाइनल में रोहतक के जय दीप जेसिया ने जम्मू के चैन को हराकर खिताब अपने नाम किया। छोटी माली का फाइनल मुकाबला पानीपत के मल्लिक और जम्मू के जरनैल पहलवान के बीच हुआ। इस रोमांचक मुकाबले में मल्लिक ने शानदार प्रदर्शन करते हुए जरनैल को हरा दिया और छोटी माली का खिताब अपने नाम किया। बड़ी माली के विजेता को 9100 रुपये और उपविजेता को 7100 रुपये का इनाम दिया। वहीं छोटी माली के विजेता को 5100 रुपये,उपविजेता को 4100 रुपये इनाम दिया गया। छिंज आयोजक कर्मचंद कौशल ने सफल आयोजन के लिए सभी का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर लाला चुगन चंद कौशल,दुर्गा दास,बाबूराम,जगत राम,नंदलाल,मनोज,कर्मचंद कौशल,पूर्व उपप्रधान दाड़ला राजेश गुप्ता,मुकुट चंद महाजन,बाबूराम,मुनीलाल,नागेंद्र,गिरधारी लाल,टेकचंद,हेमचंद,रोशन लाल,नंदलाल,कैलाश महाजन,भूपेंद्र,ओमप्रकाश,पंकज गौतम,अभिषेक कुमार,दिनेश कौशल,आशीष भसीन,धर्मपाल महाजन सहित अन्य मौजूद रहे।

  • मेलों के आयोजन से बढ़ता है भाईचारा,अपनी संस्कृति के सरंक्षण के लिए आना चाहिये आगे:- सुरेश कश्यप

    मेलों के आयोजन से बढ़ता है भाईचारा,अपनी संस्कृति के सरंक्षण के लिए आना चाहिये आगे:- सुरेश कश्यप

    अर्की आजतक

    अर्की दाड़लाघाट

    अर्की उपमंडल का ऐतिहासिक बाड़ीधार स्थल शुक्रवार को पांच पांडवों के मिलन पर वाद्य यंत्रों की मधुर स्वर धुन से भक्तिमय हो गया। सरयांज पंचायत के बाड़ीधार में सारमा,बुईला व देवधल से युधिष्ठिर के छोटे भाईयों के रथ पहुंचने पर यहां मेला आयोजित किया जाता है।धार्मिक मेला होने के चलते यहां सैंकड़ो श्रद्धालुओं ने अपना शीश नवाया व बाडेश्वर महादेव जी से क्षेत्र की सुख समृद्धि की कामना की। इस मौके पर शिमला संसदीय क्षेत्र के सांसद सुरेश कश्यप ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। उन्होंने बाड़ीधार पहुंचकर बाडेश्वर महादेव मन्दिर में पूजा अर्चना कर क्षेत्र की समृद्धि व सुख शांति की कामना की। उन्होंने आयोजित कार्यक्रम में लोगों को सम्बोधित करते हुए सभी को बाड़ी मेले की बधाई देते हुए कहा कि मेले हमारी संस्कृति का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि मेले किसी न किसी देवी व देवताओं को आधार मानकर व श्रद्धा भाव से शुरू किया गया है। ऐसे आयोजनों से लोगों में आपसी भाईचारा व प्रेम बढ़ता है। कश्यप ने कहा कि सभी लोगों को अपनी सँस्कृति के संरक्षण के लिए आगे आना चाहिए। इस मौके पर जिला भाजपा अध्यक्ष रत्न सिंह पाल, प्रदेश कार्यकारणी सदस्य राजेंद्र ठाकुर,सरयांज पंचायत प्रधान रमेश ठाकुर,भाजपा मंडल अध्यक्ष राकेश ठाकुर,आशा परिहार,प्रतिभा कंवर,राकेश गौतम,सन्तोष शुक्ला,योगेश गौतम,प्रेम चोपड़ा हेमन्त शर्मा सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

  • बाड़ीधार मेला है पौराणिक, जानी जाती है पाण्डवभूमि, मेले का इतिहास है महाभारतकालीन

    बाड़ीधार मेला है पौराणिक, जानी जाती है पाण्डवभूमि, मेले का इतिहास है महाभारतकालीन

    अर्की आजतक

    दाड़लाघाट

    अर्की उपमंडल में बाड़ीधार को पांडवभूमि के रूप में जाना जाता है। इस स्थान में होने वाला मेला पौराणिक है। बाड़ीधार मेला पांडवों के प्रति लोगों की श्रद्धा का प्रतीक है।बाड़ीधार मेले का इतिहास महाभारत काल से जुड़ा हुआ है। इस कारण इसे पांच पांडवों का मेला भी कहा जाता है। यह मेला प्रतिवर्ष आषाढ़ मास की संक्रांति को मनाया जाता है। मान्यता के अनुसार बाड़ा देवस्थल में गूरों के माध्यम से लोगों की समस्याओं का निपटारा किया जाता हैं। यहां पर बाड़ेश्वर महादेव का मंदिर है जहां यह मेला लगता है। अर्की तहसील के बाड़ी की धार इलाके में पांचों पांडव विराजते हैं जिन्हें यहां अलग-अलग नामों से पूजा जाता हैं। इसके पीछे एक किंवदंती के अनुसार पांडव अज्ञातवास के दौरान शिव की तलाश में हिमाचल आए थे। हिमाचल की पर्वतमालाएं शिवालिक अर्थात शिव की जटाएं कही जाती हैं। जैसे ही उन्हें पता चला कि बाड़ी की धार पर्वत पर शिवजी की धूनी है,वैसे ही शिवजी के दर्शन की इच्छा लेकर पांडव यहां आए। उन्हें धूनी तो मिली पर शिवजी नहीं मिले। देवाज्ञा से उन्हें वहीं प्रतिष्ठित हो जाने का आदेश हुआ। वहां आकाशवाणी हुई कि भविष्य में यह स्थान पांडवों में सबसे ज्येष्ठ युधिष्ठिर के नाम से जाना जाएगा और बाड़ी की धार के नाम से विख्यात होगा। इसके अलावा पांडवों को भी अन्य स्थान मिले और वे उन स्थानों पर पूजे जाते हैं। इस मेले की परंपरा कई वर्षो से चली आ रही है। ग्राम पंचायत सरयांज के प्रधान रमेश ठाकुर ने बताया कि बाड़ीधार मेले को इस बार हर्षोल्लास के 14 जून को मनाया जाएगा। जिसके लिए तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।

    ढोल-नगाड़ों के साथ रवाना होती है पूज

    बाड़ीधार अर्की से लगभग 26 किलोमीटर दूर है। इस स्थान पर पहुंचने के लिए अर्की-भराड़ीघाट के मध्य रास्ते में पिपलुघाट नामक स्थान से 10 किमी की दूरी पर है। पिपलुघाट से यह मार्ग अगर आप अर्की से आ रहे हैं,तो बायीं ओर मुड़ जाता है और यदि आप भराड़ीघाट की ओर से जा रहे हैं,तो यह रास्ता दायीं ओर मुड़ जाता है। मान्यता है कि बाड़ीधार मेले में जो आता है,बाड़ा देव उसके मन की मुरादें पूरी करते हैं। यही कारण है श्रद्धालु दूर-दूर से इस मेले में आते हैं। मेले की पूर्व संध्या पर यहां जागरण होता है। ढोल-नगाड़ों के साथ पूज (पूजा) बाड़ी को रवाना होती है। हालांकि मेले वाले दिन यहां तीन पूजा होती हैं। पूजा से अभिप्राय यह है कि जब पांडवों की मूर्तियां भगवान शंकर से मिलन करवाने के लिए बाड़ी की ओर से जाती हैं,तो उसके पीछे श्रद्धालू ढोल-नगाड़ों के साथ बाड़ी के लिए प्रस्थान करते हैं। इसे पूज अथवा पूजा के नाम से पुकारा जाता है। रात को केवल दो ही पूजा बाड़ी के लिए प्रस्थान करती हैं। तीसरी पूजा रात के समय यहां पर शामिल नहीं होती है। इसका कारण यह है कि इस पूजा में लगभग पांच-पांच घंटे का पैदल रास्ता तय करना पड़ता है जो रात को संभव नहीं है। मेले में पांडवों को सम्मान देने के लिए विभिन्न प्रकार की धुनें बजाई जाती हैं जिसे बेल कहते हैं।

  • आज 15 जून शनिवार को इन स्थानों पर रहेगी विद्युत आपूर्ति बाधित

    आज 15 जून शनिवार को इन स्थानों पर रहेगी विद्युत आपूर्ति बाधित

    अर्की आजतक

    अर्की

    अर्की उपमंडल के अधीन 11 केवी एचटी लाइन के रखरखाव हेतु अर्की विद्युत अनुभाग के अंतर्गत मन्जयाट, डांगरी,घाघर, मांझू, रोड़ी, खनलग, टाँगटा, टुकाना नेर, काउली, बागी और आसपास के क्षेत्र में बिजली दिनांक 15 जून 2024 को सुबह 9:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक बंद रहेगी। किसी कारण वश यह कार्य 15 जून को नही किया गया तो यह कार्य 16 जून को पूरा किया जाएगा। यह जानकारी विद्युत उपमंडल के सहायक अभियंता ई नीरज कुमार कतना ने दी है। उन्होंने उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील की है।

  • राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा अर्की बस अड्डे पर किया गया संघ का साहित्य विक्रय

    राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा अर्की बस अड्डे पर किया गया संघ का साहित्य विक्रय

    अर्की आजतक

    अर्की

    राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के जिला दाड़लाघाट के स्वयंसेवकों द्वारा प्रचार विभाग के साथ मिलकर अर्की खण्ड के अंतर्गत अर्की के बस अड्डे में साहित्य विक्रय किया गया। इस कार्यक्रम में स्वयंसेवकों द्वारा बस अड्डे में एक स्टॉल लगाया गया था। जानकारी देते हुए संघ के दाड़लाघाट जिला के जिला प्रचार प्रमुख लालचंद ने बताया कि इस स्टॉल पर बहुत से लोगों ने संघ के साहित्य को पढ़ा व खरीदा। इस दौरान सभी लोगों में संघ के साहित्य पढ़ने की रुचि देखी गई। इसमें प्रबुद्ध जन-समूह, महिलाएं व विशेषकर स्कूली बच्चों ने साहित्य को देखने, पढ़ने व क्रय करने में रुचि दिखाई।

    लालचंद ने आगे बताया कि साहित्य विक्रय का कार्यक्रम पूरे प्रांत में व्यापक रूप से चल रहा है। इसी कड़ी में संघ दृष्टि से जिला दाड़लाघाट में भी यह साहित्य विक्रय कार्यक्रम विभिन्न स्थानों पर संघ के स्वयंसेवकों द्वारा किया जा रहा है। अर्की के ब्वॉयज स्कूल के छात्र हिमांशु ठाकुर ने बताया कि उन्हें इस स्टॉल पर बच्चों के लिए महापुरुषों व देशभक्तों के चरित्र वर्णन पढ़कर बहुत अच्छा लगा और इनकी जीवनी के बारे में ज्ञान प्राप्त करके अच्छा लगा। साथ ही, देशभक्तों के चरित्र पढ़कर मन में देश के प्रति सेवाभाव की भावना प्रबल हुई है।

    ज्ञात हो कि संघ समय-समय पर बहुमूल्य विचारों, लेखों, महापुरुषों एवं देशभक्तों की जीवन गाथाओं व समाज जागरण सम्बन्धी साहित्य का विक्रय करता रहता है। स्टॉल पर लोगों द्वारा किताबों को पढ़कर कुछ जिज्ञासा प्रश्न भी किए गए, जिनका सभी स्वयंसेवकों ने विस्तार से उत्तर देकर उनकी जिज्ञासाओं का समाधान किया। लोगों ने बताया कि संघ का साहित्य वे बड़ी उत्सुकता के साथ पढ़ते हैं।

    इस कार्यक्रम में संघ के सह जिला संघचालक भगतराम ठाकुर, सह जिला प्रचार प्रमुख योगेश चौहान,खण्ड़ प्रचार प्रमुख सतीश कुमार, सह खण्ड़ कार्यवाह योगेश वर्मा, सहित बहुत से स्वयंसेवक उपस्थित रहे।